चुनावी
स्टंट, वोट लालसा और फ्री बिजली पानी के लालच में भले ही खुद को आम आदमी
मानते रहिये पर अपने बच्चों को कभी ये अहसास मत दिलाना कि वो आम आदमी हैं,,
ये उनकी तरक्की में बाधक होगा, आम आदमी जैसा कुछ नहीं होता,, ये भ्रम है,,
होती है तो भूख, गरीबी, बेरोजगारी, भारत के पूर्व राष्ट्रपति कलाम साहब,
मुंशी प्रेमचंद्र, भगत सिंह, अब्राहम लिंकन, स्टीव जॉब्स, बिल गेट्स, आदि
गरीब थे पर आम आदमी नहीं थे, विश्व के टॉप
१० अरबपति अनाथ थे, गरीब थे पर आम आदमी नहीं थे वो खास थे, खुदको आम मानते
तो कभी खास न बन पाते, khud को ख़ास मानते रहे और एक दिन खास बन भी गए..!
दुनिया का सारा साहित्य, सारी महान प्रतिभायें सिर्फ इसी कोशिश में रही कि
कोई भी आम आदमी न रहे हर आदमी खास हो जाये,, याद रखिये ठगा वही जाता है जो
जागरूक नहीं रहता या लालच के वश में रहता है.. वोट उसे दीजिये जो आपको
अहसास दिलाये कि आप खास हैं,, आम को खास बनाने का वादा करे जो तरक्की का
वादा करे,, आपकी संतानों के लिए एक उन्नत, उपजाऊ राष्ट्र निर्माण करने का
वादा करे,,!Sunday, 12 January 2014
आम आदमी होना भ्रम के अलावा कुछ भी नहीं
चुनावी
स्टंट, वोट लालसा और फ्री बिजली पानी के लालच में भले ही खुद को आम आदमी
मानते रहिये पर अपने बच्चों को कभी ये अहसास मत दिलाना कि वो आम आदमी हैं,,
ये उनकी तरक्की में बाधक होगा, आम आदमी जैसा कुछ नहीं होता,, ये भ्रम है,,
होती है तो भूख, गरीबी, बेरोजगारी, भारत के पूर्व राष्ट्रपति कलाम साहब,
मुंशी प्रेमचंद्र, भगत सिंह, अब्राहम लिंकन, स्टीव जॉब्स, बिल गेट्स, आदि
गरीब थे पर आम आदमी नहीं थे, विश्व के टॉप
१० अरबपति अनाथ थे, गरीब थे पर आम आदमी नहीं थे वो खास थे, खुदको आम मानते
तो कभी खास न बन पाते, khud को ख़ास मानते रहे और एक दिन खास बन भी गए..!
दुनिया का सारा साहित्य, सारी महान प्रतिभायें सिर्फ इसी कोशिश में रही कि
कोई भी आम आदमी न रहे हर आदमी खास हो जाये,, याद रखिये ठगा वही जाता है जो
जागरूक नहीं रहता या लालच के वश में रहता है.. वोट उसे दीजिये जो आपको
अहसास दिलाये कि आप खास हैं,, आम को खास बनाने का वादा करे जो तरक्की का
वादा करे,, आपकी संतानों के लिए एक उन्नत, उपजाऊ राष्ट्र निर्माण करने का
वादा करे,,!
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